जयपुर (संदीप अग्रवाल) : प्रदेश कांग्रेस का फोकस अब निष्क्रिय और लापरवाह कांग्रेस नेताओं पर बना हुआ है। कमेटी के बडे नेताअें ने निष्क्रिय और लापरवाह नेताओं का रिपोर्ट कार्ड तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। ऐसे में पीसीसी से लेकर डीसीसी औऱ ब्लॉक कांग्रेस कमेटी पदाधिकारियों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट तैयार की गई है। जिसमें उन पदाधिकारीयों पर पार्टी की ओर से कार्रवाई की जा सकती है जो विधानसभा और लोकसभा चुनाव में निष्क्रिय और लापरवाह रहे है। वही पर परिणामों के बाद जब संगठन में फेरबदल होगा तब बेस्ट काम करने वालों का प्रमोशन होगा और निष्क्रिय रहने वालों की छुट्टी हो सकती है।
राजस्थान में कांग्रेस विधानसभा चुनाव हारने के बाद से ही सदमे में चल रही है। यही वजह है कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने एडी से चोटी तक का जोर लगा रखा है। पार्टी के आला नेताओं ने कांग्रेस सुप्रिमों सोनिया गांधी को प्रदेश संगठन की मजबूती पर फोकस करने का सुझाव दिया है। जहां से सहमती भी मिल गई है। सुत्रों की माने तो संगठन की मजबूती के बाद बतौर विपक्ष की भूमिका में राजस्थान में अपना प्रभाव दिखा पाएंगे। संगठन की सक्रियता औऱ मजबूती के लिए कांग्रेस निष्क्रिय पदाधिकारियों की छुट्टी करने का फैसला कर सकती है। वहीं पार्टी के निर्देशों पर बेहतर काम करने वालों को प्रमोशन भी देगी। पीसीसी संगठन महासचिव ललित तूनवाल ने बाकायदा ईमेल के जरिए तमाम पदाधिकारियों से एक फॉर्मेट में सूचनाएं मांगी थी। जिसमें पद मिलने से लेकर अब तक संबंधित तमाम गतिविधियों की सबूतों सहित डिटेल मांगी गई, जिसमें पूछा गया था कि किस किस नेता ने सौंपी गई जिम्मेदारी को बखुबी निभाया और किस किस ने कन्नी काटी।
पीसीसी पदाधिकारियों,जिलाध्यक्ष,ब्लॉक अध्यक्ष और मंडल अध्यक्षों से फिलहाल यह जानकारी मांगी गई है। यानि करीब एक हजार के आसपास पदाधिकारियों की कार्यशैली की डिटेल जुटाई गई है। यानी लापरवाह और निष्क्रिय नेताओं का पूरा बायोडटा तैयार कर लिया गया है। पार्टी का साफ साफ कहना है कि जिन पदाधिकारियों ने अपनी ड्यूटी नहीं निभाई उन पर तुरंत प्रभाव से एक्शन होगा और जिन पदाधिकारियों ने अच्छा काम किया है तो वे प्रमोशन के हकदार है। पार्टी अच्छा काम करने वाले नेताओं को अहम पोस्ट देगी। बस अब इंतजार है तो केवल 4 जून का जब लोकसभा चुनाव 2024 के नतिजे आएंगे।